‘नींबू काटा और बारिश रोक दी’: BJP सांसद भोजराज नाग के दावे पर सियासी बवाल, कांग्रेस बोली- महंगाई पर भी आजमा लीजिए ये फॉर्मूला

रायपुर/बालोद। छत्तीसगढ़ की राजनीति में इन दिनों एक ‘नींबू’ ने खूब सुर्खियां बटोरी हैं। कांकेर से भाजपा सांसद भोजराज नाग का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है, जिसमें वे दावा करते नजर आ रहे हैं कि उन्होंने महादेव और बूढ़ादेव से प्रार्थना करने के बाद नींबू काटा और बारिश रुक गई।
सांसद का यह बयान सामने आते ही कांग्रेस ने इसे मुद्दा बना लिया। छत्तीसगढ़ कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने तंज कसते हुए कहा कि अगर नींबू काटने से बारिश रुक सकती है तो सांसद को महंगाई और चीनी के दाम कम करने के लिए भी यही तरीका आजमाना चाहिए।
यही वजह है कि मामला अब सिर्फ एक बयान तक सीमित नहीं है। भाजपा सांसद का दावा, कांग्रेस का पलटवार और सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो—तीनों ने इसे प्रदेश की सियासत में चर्चा का विषय बना दिया है।
सांसद ने क्या दावा किया?
भोजराज नाग ने बालोद जिले के डौंडीलोहारा में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान खराब मौसम का जिक्र करते हुए यह बात कही।
रिपोर्टों के मुताबिक, उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के कार्यक्रम को लेकर मौसम खराब था और तेज बारिश हो रही थी। मुख्यमंत्री के दौरे की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने महादेव और बूढ़ादेव से प्रार्थना की और नींबू काटा।
सांसद ने दावा किया कि इसके बाद बारिश रुक गई और मुख्यमंत्री का कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। उन्होंने आगे कहा कि अब अगर बारिश होनी है तो हो सकती है।
CM साय भी मंच पर मौजूद थे
जिस कार्यक्रम में सांसद ने यह बात कही, उसमें मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय भी मौजूद थे।
रिपोर्टों के अनुसार सांसद की बात सुनकर मंच पर मुख्यमंत्री साय समेत अन्य लोगों के चेहरे पर मुस्कान दिखाई दी। बयान का वीडियो सामने आने के बाद यह सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने लगा।
इसके बाद लोगों के बीच सांसद के दावे को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं।
कांग्रेस ने तुरंत पकड़ लिया मुद्दा
सांसद के बयान पर कांग्रेस ने तीखा तंज कसा।प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि अगर नींबू काटने से बारिश रुक सकती है तो इसका इस्तेमाल महंगाई और चीनी के दाम कम करने के लिए भी किया जाना चाहिए।
कांग्रेस ने सांसद पर अंधविश्वास को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए भाजपा को घेरा।यानी कांग्रेस ने इस बयान को सीधे जनता से जुड़े मुद्दों—महंगाई, बिजली बिल, पेट्रोल और घरेलू खर्च—से जोड़कर राजनीतिक हमला तेज कर दिया।
यानी कांग्रेस ने इस बयान को सीधे जनता से जुड़े मुद्दों—महंगाई, बिजली बिल, पेट्रोल और घरेलू खर्च—से जोड़कर राजनीतिक हमला तेज कर दिया।
सोशल मीडिया पर भी छिड़ी बहस
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर भी सांसद के बयान को लेकर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आईं।
कई लोगों ने इसे अंधविश्वास से जोड़कर सवाल उठाए, जबकि कुछ लोगों ने व्यंग्य करते हुए कहा कि यदि नींबू से बारिश रोकी जा सकती है तो इसी तरीके से बिजली बिल और महंगाई भी कम कर दी जाए।
भोजराज नाग पहले भी ऐसे बयानों से चर्चा में रहे
यह पहली बार नहीं है जब भोजराज नाग नींबू या पारंपरिक मान्यताओं से जुड़े बयान को लेकर चर्चा में आए हैं।
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, वे पहले भी सार्वजनिक मंचों पर नींबू, झाड़-फूंक और ‘भूत भगाने’ जैसे संदर्भों वाली बातें कह चुके हैं। इसी वजह से उनका ताजा बयान सामने आने के बाद विवाद और तेज हो गया।
सवाल सिर्फ बारिश का नहीं, राजनीति का भी
भोजराज नाग के बयान ने एक बार फिर राजनीति में आस्था बनाम वैज्ञानिक सोच की बहस को जन्म दे दिया है।
भाजपा सांसद ने इसे अपने विश्वास और उस समय की परिस्थितियों से जोड़कर बताया, जबकि कांग्रेस ने इसे अंधविश्वास और राजनीतिक प्रचार का मुद्दा बना दिया।
अब सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा चर्चा इसी बात की है कि क्या नींबू काटने से वास्तव में बारिश रुक सकती है?
मौसम वैज्ञानिक दृष्टि से बारिश का रुकना मौसम की प्राकृतिक परिस्थितियों पर निर्भर करता है। किसी व्यक्ति द्वारा नींबू काटने से बारिश रुकने का वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है।
कांग्रेस का नया तंज भी चर्चा में
सांसद के बयान के बाद कांग्रेस ने जिस अंदाज में पलटवार किया, उसने इस पूरे विवाद को और ज्यादा राजनीतिक बना दिया।
बारिश रोकने के ‘नींबू फॉर्मूले’ पर कांग्रेस का तंज है—अगर यह इतना असरदार है तो महंगाई पर भी आजमाइए।
अब देखना होगा कि भाजपा सांसद इस राजनीतिक हमले पर कोई जवाब देते हैं या नहीं।
फिलहाल ‘नींबू काटकर बारिश रोकने’ का दावा छत्तीसगढ़ की राजनीति और सोशल मीडिया दोनों में चर्चा का बड़ा विषय बना हुआ है।



