पदोन्नति में गड़बड़ी का खुलासा: सहायक ग्रेड-01 का प्रमोशन आदेश निरस्त, दो कर्मचारियों पर गिरी गाज

दुर्ग/कवर्धा। जिला शिक्षा अधिकारी कबीरधाम द्वारा वर्ष 2021 में जारी पदोन्नति आदेश को नियम विरुद्ध पाए जाने पर संभागीय संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग दुर्ग ने निरस्त कर दिया है। आदेश के तहत एस.के. निर्मलकर और जे.पी. बर्वे को सहायक ग्रेड-02 से सहायक ग्रेड-01 पद पर दी गई पदोन्नति तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी गई है।
जानकारी के अनुसार जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय से 27 मई 2021 को जारी आदेश के माध्यम से दोनों कर्मचारियों को सहायक ग्रेड-01 पद पर पदोन्नत किया गया था। बाद में मामले की समीक्षा के दौरान पाया गया कि यह पदोन्नति छत्तीसगढ़ स्कूल शिक्षा विभाग तृतीय वर्ग (लिपिकीय) सेवा भर्ती नियम 2009 के प्रावधानों के विपरीत दी गई थी।
पदोन्नति फाइल में नहीं मिले जरूरी दस्तावेज
मामले की जांच में यह भी सामने आया कि पदोन्नति से जुड़े कई महत्वपूर्ण दस्तावेज मूल फाइल में उपलब्ध नहीं थे। इनमें पदोन्नति समिति की अनुशंसा, विभागीय कार्यवाही विवरण, जांच प्रतिवेदन और रिक्त पदों की स्थिति से संबंधित दस्तावेज शामिल हैं। दस्तावेजों के अभाव में पदोन्नति प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो गए।
कर्मचारियों से मांगा गया था स्पष्टीकरण
प्रकरण में दोनों कर्मचारियों एस.के. निर्मलकर और जे.पी. बर्वे से भी स्पष्टीकरण मांगा गया था। उन्होंने 6 फरवरी 2026 को अपना प्रतिवेदन प्रस्तुत किया, लेकिन विभागीय परीक्षण में इसे संतोषजनक नहीं पाया गया। इसके बाद संयुक्त संचालक कार्यालय ने पदोन्नति आदेश को निरस्त करने का निर्णय लिया।
विभागीय कार्रवाई की भी संभावना
संयुक्त संचालक द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि इस प्रकरण में संबंधित कर्मचारियों के विरुद्ध छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के तहत कार्रवाई की जा सकती है। आदेश को तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है।
इस कार्रवाई के बाद शिक्षा विभाग में हलचल बढ़ गई है और पदोन्नति से जुड़े अन्य मामलों की भी जांच की चर्चा शुरू हो गई है।



